BRICS 2026 में PM मोदी का संबोधन, बोले- भारत बना रहा है आर्थिक सेतु
BRICS 2026: प्रधानमंत्री ने BRICS की बढ़ती आर्थिक ताकत, भारत के स्टार्टअप और इनोवेशन, UPI, व्यापार सहयोग और वैश्विक सप्लाई चेन पर दिया जोर; BRICS देशों के बीच व्यापार बाधाएं कम करने और नई साझेदारियां बढ़ाने का आह्वान
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📲 WhatsApp पर शेयर करेंनई दिल्ली, 11 सितंबर। BRICS 2026: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने BRICS Business Forum 2026 को संबोधित करते हुए BRICS देशों के बीच आर्थिक सहयोग, नवाचार और व्यापार को नई गति देने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि BRICS अब 21 देशों का बड़ा परिवार बन चुका है और वैश्विक अर्थव्यवस्था में इसकी भूमिका लगातार मजबूत हो रही है।

प्रधानमंत्री ने बताया कि BRICS 2026 देश दुनिया की करीब 50 प्रतिशत आबादी, 40 प्रतिशत GDP और 25 प्रतिशत से अधिक वैश्विक व्यापार का प्रतिनिधित्व करते हैं। उन्होंने कहा कि पिछले वर्षों में BRICS देशों की संयुक्त GDP में वैश्विक GDP की तुलना में तेज वृद्धि हुई है।
भारत की BRICS अध्यक्षता की थीम “Building for Resilience, Innovation, Cooperation and Sustainability” का उल्लेख करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत ने पिछले वर्षों में अपनी आर्थिक और व्यापार नीति में इन सिद्धांतों को प्रमुखता दी है।
उन्होंने Make in India, Innovate with India and Scale for the World का आह्वान करते हुए कहा कि भारत शिप-बिल्डिंग, सेमीकंडक्टर, क्वांटम टेक्नोलॉजी, क्रिटिकल मिनरल्स और बायोटेक जैसे रणनीतिक क्षेत्रों में नई क्षमताएं विकसित कर रहा है।
PM मोदी ने भारत के स्टार्टअप इकोसिस्टम का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि देश में दो लाख से अधिक स्टार्टअप और 120 से अधिक यूनिकॉर्न हैं। AI, ग्रीन हाइड्रोजन, बैटरी, डिफेंस और स्पेस जैसे क्षेत्रों में भारतीय स्टार्टअप नए समाधान विकसित कर रहे हैं, जिन्हें BRICS के जरिए वैश्विक बाजारों तक पहुंचाया जा सकता है।
प्रधानमंत्री ने UPI को भारत के “Innovation at Population Scale” का उदाहरण बताते हुए कहा कि भारत के डिजिटल पेमेंट इकोसिस्टम ने वित्तीय समावेशन और रियल-टाइम डिजिटल ट्रांजैक्शन को नई गति दी है।
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उन्होंने बढ़ते वैश्विक व्यापार अवरोधों के बीच भारत द्वारा आर्थिक सेतु बनाने की बात कही और BRICS देशों के बीच व्यापार बाधाओं को कम करने पर जोर दिया। कृषि, स्वास्थ्य, स्किल्स और स्मार्ट ग्रिड जैसे क्षेत्रों में सहयोग नेटवर्क तथा BRICS Incubator Network, BRICS MSME Portal और BRICS Startup Innovation Fund जैसी पहलों का भी उल्लेख किया।
प्रधानमंत्री ने BRICS Business Council से शीर्ष 10 व्यापार बाधाओं को दूर करने, हर वर्ष 100 BRICS स्टार्टअप्स को दूसरे BRICS बाजारों में विस्तार में मदद करने और व्यवसायों के बीच 1,000 नई साझेदारियां विकसित करने के लिए ठोस रोडमैप तैयार करने का आह्वान किया।
उन्होंने कहा कि BRICS की सामूहिक ताकत को वैश्विक समाधान में बदलना समय की जरूरत है और BRICS को आगे बढ़ने के साथ दुनिया को भी आगे बढ़ाना चाहिए।

