Independence: स्वातंत्र्य-यज्ञ जारी है !

Independence: स्वतंत्रता के संकल्प, राष्ट्रभाव और निरंतर संघर्ष की भावना को रेखांकित करता गिरीश्वर मिश्र का आलेख स्वतंत्रता (Independence) निश्चय ही सभ्य मानव समाज का सर्वोत्तम आविष्कार है जो मनुष्य … Read More

Education: जंतर-मंतर से शिक्षा: गिरीश्वर मिश्र

Education: पिछले कुछ दिनों से राजनीति के हलकों में शिक्षा का विषय अनायास ही चर्चा में चुका है । सबकी जुबान वर्तमान शिक्षा-तंत्र को सुधारने की रट लगा रही है। … Read More

NEET Exam: शिक्षा और परीक्षा : साख बहाल करने का सवाल: गिरीश्वर मिश्र

NEET Exam: मेडिकल प्रवेश परीक्षा यानी ‘नीट’ में पेपर लीक की ताजी घटना ने एक बार फिर पूरे देश को खास तौर पर युवा और किशोर वर्ग को झकझोर दिया … Read More

Women’s Reservation Bill: महिलाओं को राजनैतिक भागीदारी हेतु संसद का विशेष सत्र 16 अप्रैल से

Women’s Reservation Bill: महिला आरक्षण विधेयक पर चर्चा एवं पारित करने हेतु संसद के ऐतिहासिक सत्र का आयोजन भारत की नारी शक्ति को सशक्त करने हेतु, सभी राजनैतिक दलों से … Read More

Sufficient: ‘पर्याप्त’ संख्या नहीं सोच है !: गिरीश्वर मिश्र

Sufficient: हर कोई अपने लिए पर्याप्त संसाधन जुटाना चाहता है ताकि हर स्थिति का मुकाबला किया जा सके और इस बात की दौड़ लगी रहती है कि थोड़ा और हो जाता तो … Read More

New Year-2026: राष्ट्रीय नवोन्मेष और विकसित भारत की संकल्पना: गिरीश्वर मिश्र

 New Year-2026: पिछले एक दशक में भारत की छवि निश्चित रूप से एक सशक्त देश के रूप में निखरी है। नए वर्ष में इस बदलते भारत के भविष्य के बारे … Read More

Rudra Narayan Jha: समाजवादी चिंतक रुद्र नारायण झा जन्मशती समारोह

Rudra Narayan Jha: डॉ राम मनोहर लोहिया, जयप्रकाश नारायण, मधु लिमये के निकटस्थ रूद्र नारायण झा का जन्म हुआ 1925 मे तत्कालीन मुंगेर जिला (अब बेगूसराय) के खुटहा ग्राम में … Read More

Energy Conservation Day: ऊर्जा-संकट से बचने लिए जरूरी है ऊर्जा संरक्षण !: गिरीश्वर मिश्र

Energy Conservation Day: ऊर्जा के बिना जीवन की कल्पना ही नहीं की जा सकती। भौतिक नियम बताता है कि ऊर्जा न पैदा की सकती है न समाप्त ;  उसका सिर्फ़ … Read More

Geeta Jayanti: सहज कर्म-पथ का आह्वान है भगवद्गीता: गिरीश्वर मिश्र

Geeta Jayanti: कालजयी श्रीमद्भगवद्गीता उस महाभारत का अंश है जिसे भारतीय चिंतन की परम्परा में इतिहास में परिगणित किया गया है। यह महान रचना इस अर्थ में विशिष्ट है कि … Read More

Vande Mataram: “वंदे मातरम्“ है भारत की साकार अंतश्चेतना: गिरीश्वर मिश्र

Vande Mataram: वैश्विक स्तर पर भारत सदियों से अनेक देशों के लिए आकर्षण का केंद्र बना रहा है । यह तथ्य अनेक साक्ष्यों से बहुश: प्रमाणित है कि प्राचीन भारत … Read More