Microsoft: माइक्रोसॉफ्ट में 60 हजार कर्मचारियों को एग्जिट ऑफर
Microsoft: एआई पर बढ़ते निवेश के बीच टेक दिग्गज का बड़ा कदम; अमेरिका, भारत, ब्रिटेन और कनाडा की चुनिंदा टीमों के पात्र कर्मचारियों को मिलेगा आर्थिक सहायता के साथ स्वैच्छिक निकास का विकल्प।
- भारत समेत 4 देशों की चुनिंदा टीमों के पात्र कर्मचारियों को स्वैच्छिक रूप से कंपनी छोड़ने का विकल्प।
- माइक्रोसॉफ्ट (Microsoft) में 60 हजार कर्मचारियों के सामने कंपनी छोड़ने का विकल्प, 31 दिसंबर को होगी विदाई; भारत भी योजना में शामिल
नई दिल्ली, 27 अक्टूबर: Microsoft: दुनिया की प्रमुख टेक्नोलॉजी कंपनियों में शामिल माइक्रोसॉफ्ट ने अपने कर्मचारियों के लिए स्वैच्छिक रूप से कंपनी छोड़ने की नई योजना शुरू की है। कंपनी के आधिकारिक ऐलान के अनुसार, इस योजना के दायरे में लगभग 60,000 कर्मचारी आ सकते हैं। हालांकि, इसका मतलब यह नहीं है कि इतने कर्मचारियों की नौकरी समाप्त की जा रही है। यह एक स्वैच्छिक निकास योजना है, जिसके तहत पात्र कर्मचारी कंपनी छोड़ने का विकल्प चुन सकते हैं।
इस योजना में भारत के साथ अमेरिका, ब्रिटेन और कनाडा में काम करने वाले पात्र कर्मचारी भी शामिल हैं। कंपनी की मुख्य जन अधिकारी एमी कोलमैन ने 26 अक्टूबर को कर्मचारियों को भेजे गए संदेश में इसकी जानकारी दी। योजना का उद्देश्य कर्मचारियों को आर्थिक सहायता और करियर की आगे की योजना बनाने के संसाधनों के साथ कंपनी से बाहर जाने का विकल्प देना है।
60 हजार कर्मचारियों के लिए खुला विकल्प, सभी पर लागू नहीं होगी योजना
माइक्रोसॉफ्ट (Microsoft) की इस योजना में कंपनी के आंतरिक स्तर 70 और उससे नीचे के पात्र कर्मचारी शामिल हो सकते हैं। हालांकि, यह सुविधा कंपनी की सभी टीमों और सभी कर्मचारियों के लिए नहीं है। अलग-अलग विभागों की कारोबारी जरूरतों, ग्राहकों के प्रति प्रतिबद्धताओं और भविष्य की कार्ययोजना के आधार पर तय किया गया है कि कौन-सी टीमें इस कार्यक्रम में भाग लेंगी।
कंपनी ने स्पष्ट किया है कि पात्र कर्मचारियों को योजना से संबंधित जानकारी ईमेल के माध्यम से दी जाएगी। इसलिए किसी कर्मचारी की पात्रता की पुष्टि उसके विभाग और कंपनी की ओर से भेजे गए आधिकारिक संदेश के आधार पर ही की जा सकती है।
कब तक लेना होगा फैसला?
माइक्रोसॉफ्ट(Microsoft) की स्वैच्छिक निकास योजना सीमित समय के लिए है। मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक, पात्र कर्मचारियों को दिसंबर के शुरुआती दिनों तक अपना फैसला देना होगा। योजना स्वीकार करने वाले कर्मचारियों की कंपनी से विदाई 31 दिसंबर 2026 को निर्धारित है।
हालांकि, लगभग 60,000 कर्मचारियों का आंकड़ा उन कर्मचारियों का है जो योजना के लिए पात्र हो सकते हैं। कंपनी ने यह नहीं बताया है कि इनमें से कितने कर्मचारी वास्तव में इस विकल्प को स्वीकार करेंगे।
कर्मचारियों को क्या मिलेगा?
कंपनी के आधिकारिक संदेश में योजना के तहत आर्थिक सहायता और करियर योजना से जुड़े संसाधन उपलब्ध कराने की बात कही गई है। विभिन्न मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, सहायता का पैकेज कर्मचारियों के पद और कंपनी में उनकी सेवा अवधि जैसे कारकों के आधार पर अलग-अलग हो सकता है।
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इसका उद्देश्य कर्मचारियों को अचानक नौकरी छोड़ने की स्थिति में डालने के बजाय उन्हें अगले करियर विकल्प की तैयारी के लिए सहायता देना है। हालांकि, किसी कर्मचारी को मिलने वाली वास्तविक राशि और अन्य सुविधाओं की पुष्टि उसके व्यक्तिगत ऑफर की शर्तों से ही होगी।
एआई में भारी निवेश के बीच क्यों अहम है यह फैसला?
माइक्रोसॉफ्ट (Microsoft) सहित दुनिया की बड़ी टेक कंपनियां कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई), क्लाउड सेवाओं और डेटा सेंटर के बुनियादी ढांचे पर भारी निवेश कर रही हैं। इन क्षेत्रों में बढ़ती मांग के साथ कंपनियों के सामने निवेश, परिचालन खर्च और कर्मचारियों की जरूरतों के बीच संतुलन बनाए रखने की चुनौती भी है।
माइक्रोसॉफ्ट की नई योजना ऐसे समय आई है, जब कंपनी अपने कार्यबल और कारोबारी प्राथमिकताओं में बदलाव कर रही है। हालांकि, कंपनी ने आधिकारिक घोषणा में यह नहीं कहा कि यह कार्यक्रम सीधे तौर पर एआई के कारण कर्मचारियों की छंटनी करने के लिए शुरू किया गया है। इसलिए योजना को एआई के कारण होने वाली निश्चित छंटनी के रूप में देखना सही नहीं होगा।
पहले भी कर्मचारियों के लिए लाई गई थी स्वैच्छिक योजना
माइक्रोसॉफ्ट ने इससे पहले 2026 में स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति कार्यक्रम भी शुरू किया था। कंपनी के अनुसार, उस कार्यक्रम में पात्र कर्मचारियों के एक हिस्से ने भाग लिया था। नई योजना का दायरा अलग है और इसमें पात्रता कंपनी के चुने हुए विभागों तथा आंतरिक पद-स्तर पर निर्भर करती है।
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कंपनी ने यह भी स्पष्ट किया है कि अलग-अलग टीमों की जरूरतें अलग हो सकती हैं। ऐसे में यह मानना उचित नहीं होगा कि माइक्रोसॉफ्ट के सभी विभागों में कर्मचारियों की संख्या समान रूप से घटाई जाएगी।
क्या भारत में भी कर्मचारियों पर पड़ेगा असर?
भारत उन चार देशों में शामिल है जहां माइक्रोसॉफ्ट की चुनिंदा टीमों के पात्र कर्मचारियों को यह विकल्प दिया जा सकता है। लेकिन अभी उपलब्ध आधिकारिक जानकारी से यह निष्कर्ष नहीं निकाला जा सकता कि भारत में कितने कर्मचारी इस योजना के तहत कंपनी छोड़ेंगे या किन भारतीय कार्यालयों पर इसका सबसे अधिक असर पड़ेगा।
कर्मचारियों के लिए सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि वे अपनी पात्रता, आर्थिक पैकेज और अन्य शर्तों की पुष्टि कंपनी के आधिकारिक ईमेल से करें। फिलहाल यह योजना स्वैच्छिक है और इसके तहत कंपनी छोड़ने वाले कर्मचारियों की वास्तविक संख्या सामने आना बाकी है।
निष्कर्ष: माइक्रोसॉफ्ट की यह घोषणा वैश्विक टेक उद्योग में बदलती कारोबारी प्राथमिकताओं और कार्यबल प्रबंधन की दिशा को दर्शाती है। करीब 60,000 कर्मचारियों के पात्र होने के बावजूद वास्तविक रूप से कितने लोग कंपनी छोड़ेंगे, यह उनके फैसलों और संबंधित टीमों की भागीदारी पर निर्भर करेगा।

